केरल बाढ़ से भारी तबाही


केरल बाढ़ से भारी तबाही

केरल में मानसून के दौरान अन्य राज्यों की तुलना में अधिक बारिश होना एक सामान्य बात है. केरल के आधे से ज़्यादा हिस्से में भीषण बाढ़ के कारण बांध, जलाशय और नदियां लबालब भरी हुई हैं. कई जगहों पर राजमार्ग ध्वस्त हो गए हैं और अनेक घर पानी में बह गए हैं. पिछले कई दिनों से लगातार हो रही बारिश के कारण करीब 54,000 लोग बेघर हो गए हैं और कम से कम 29 लोगों की मौत हुई है. राज्य की लगभग सभी 40 नदियां उफान पर हैं.

केरल में बाढ़ से भारी तबाही

350 की मौत, तीन लाख लोग बेघर

  • केरल के 14 में से 13 ज़िले बाढ़ से प्रभावित हैं
  • भारत के दक्षिणी राज्य केरल में बाढ़ की वजह से हुए हादसों में मरने वालों की संख्या बढ़कर 350 हो गई है.
  • सूबे के मुख्यमंत्री पिनराई विजयन के शब्दों में कहें तो 'बीते 100 वर्षों में केरल ने ऐसी तबाही नहीं देखी.' बाढ़ का पानी कम हो रहा है, लेकिन मरने वालों की संख्या और बढ़ सकती है.
  • जून के पहले सप्ताह में भारत में मॉनसून की शुरुआत हुई थी. केरल में भारी बारिश और बाढ़ के कारण मरने वालों की संख्या बीते 72 घंटों में तेज़ी से बढ़ी है.
  • एक सरकारी अनुमान के मुताबिक़, बाढ़ के कारण क़रीब सवा तीन लाख लोगों को बेघर होना पड़ा है और ये लोग राज्य में बनाये गए 2000 से अधिक अस्थाई राहत शिविरों में रहने को मजबूर हैं.
  • भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी शुक्रवार देर रात केरल पहुँचे थे. शनिवार को उन्होंने मुख्यमंत्री पिनराई विजयन के साथ केरल के बाढ़ प्रभावित ज़िलों का हवाई दौरा किया
  • पीएम मोदी ने 'प्रधानमंत्री राष्ट्रीय राहत कोष' से बाढ़ के दौरान मारे गए लोगों के परिजनों को दो लाख रुपये और गंभीर रूप से घायल लोगों को 50,000 रुपये की सहायता राशि देने की घोषणा की है.
  • पिनराई विजयन ने पीएम मोदी के साथ हुई बैठक में ये कहा कि केरल राज्य को बाढ़ की वजह से 19,512 करोड़ रुपये के जान-माल के नुकसान की आशंका है.
  • प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने केरल को 500 करोड़ रुपये की 'सहायता राशि' तत्काल रूप से देने की घोषणा की है. हालांकि पिनराई विजयन ने केंद्र सरकार से 2000 करोड़ रुपये की सहायता राशि माँगी थी.

बाढ़ की स्थिति कितनी ख़राब?

  • मौसम विभाग ये चेतावनी दे चुका है कि अगले कुछ दिनों में केरल में मूसलाधार बारिश होने के कारण बाढ़ प्रभावित 13 ज़िलों में स्थिति और भी चुनौतीपूर्ण हो सकती है.
  • केरल में बाढ़ की वजह से जो इलाक़े सबसे ज़्यादा प्रभावित हुए हैं वो पश्चिमी घाट के 'इकोलॉजिकल सेंसिटिव ज़ोन' के अंतर्गत आते हैं.
  • केरल के आधे से ज़्यादा हिस्से में भीषण बाढ़ के कारण बांध, जलाशय और नदियां लबालब भरी हुई हैं. कई जगहों पर राजमार्ग ध्वस्त हो गए हैं और अनेक घर पानी में बह गए हैं.
  • पिछले कई दिनों से लगातार हो रही बारिश के कारण करीब 54,000 लोग बेघर हो गए हैं और कम से कम 29 लोगों की मौत हुई है.
  • बाढ़ से अत्यधिक प्रभावित राज्य के कुल 14 ज़िलों में से सात उत्तरी ज़िलों में थल सेना की पांच टुकड़ियां तैनात की गई हैं ताकि लोगों को सुरक्षित जगहों पर ले जाने और अस्थायी पुलों के निर्माण में मदद मिले.
  • भारत मौसम विज्ञान विभाग ने राज्य के 14 जिलों में से आठ इडुक्की, वयनाड,मलप्पुरम, कोझिकोड, पालक्काड़, कोट्टायम और अलाप्पुझा में रेड अलर्ट जारी किया है.
  • पेरियार नदी में जलस्तर बढ़ने के बाद भारतीय नौसेना की दक्षिणी कमान को अलर्ट पर रखा गया है. आशंका है कि कोच्चि स्थित वेलिंगडन द्वीप के कुछ हिस्से पूरी तरह जलमग्न हो सकते हैं.
  • अधिकारियों ने बताया कि राज्य की लगभग सभी 40 नदियां उफान पर हैं.

केरल के आधे हिस्से में बाढ़ से तबाही

  1. बीते 8 अगस्त से ही हो रही भारी मानसूनी बारिश के कारण उत्तरी एवं मध्य केरल अत्यधिक प्रभावित हैं. बारिश के कारण कुल 350 लोगों की मौत हुई है जिनमें तीन की मौत बीते शुक्रवार को हुई.
  2. इनमें से 26 की मौत भूस्खलन में हुई तथा 324 की मौत डूबने से हुई. केरल के अधिकारियों ने बताया कि राज्य के 439 राहत शिविरों में कुल 53,501 लोगों को रखा गया है.
  3. कई जगहों पर सड़कें धंस जाने के कारण पर्यटकों को पर्वतीय इडुक्की ज़िले में दाख़िल होने से रोका गया. कोझिकोड और वायनाड में विभिन्न स्थानों पर फंसे हुए लोगों को निकालने के लिए थलसेना के जवान छोटे-छोटे पुल बना रहे हैं.
  4. इडुक्की जलाशय से और ज़्यादा पानी जारी होने की संभावना के मद्देनज़र इडुक्की और इससे सटे ज़िलों के लिए रेड अलर्ट जारी किया गया.
  5. केरल के पर्यटन मंत्री के. सुरेंद्रन ने बताया कि 24 विदेशियों सहित कम से कम 50 पर्यटक बुधवार से ही मन्नार के प्लम जूडी रिज़ॉर्ट में फंसे हुए थे और उन्हें वहां से निकालकर सुरक्षित जगहों पर ले जाया गया है.
  6. कोच्चि में पेरियार नदी और इडुक्की में चेरुथोनी नदी की नीचे की धारा की तरफ की जगहों पर रहने वाले लोगों को तटों के जलमग्न होने की चेतावनी दी गई है.
  7. राज्य के 58 बांधों में से 24 के जलाशयों की अधिकतम भंडारण क्षमता पार हो गई है, जिसके कारण अधिकारियों को स्लुइस गेट खोलकर पानी छोड़ना पड़ा.
  8. करीब 26 साल के बाद बीते 9 अगस्त को एक शटर खोला गया.
  9. 10 अगस्त की सुबह केरल के मुख्यमंत्री पी. विजयन ने थलसेना, नौसेना, वायुसेना, तटरक्षक बल और एनडीआरएफ की ओर से चलाए जा रहे बाढ़ राहत कार्यों और बाढ़ की स्थिति की समीक्षा की.
  10. मुख्यमंत्री ने कहा कि इडुक्की बांध में जलस्तर बढ़ने के कारण अभी छोड़े जा रहे पानी की तुलना में तीन गुना ज़्यादा पानी छोड़ना ज़रूरी हो गया है. इससे पेरियार नदी और इसकी सहायक नदियों में जलस्तर बढ़ेगा. लोगों को चौकस रहना चाहिए.
  11. विजयन ने 12 अगस्त तक के अपने सभी सार्वजनिक कार्यक्रमों को रद्द कर दिया है और राज्य की राजधानी से वह हालात पर नज़र रखे हुए हैं.
  12. केंद्रीय मंत्री केजे अल्फोंस ने कहा कि उन्होंने शुक्रवार सुबह गृहमंत्री राजनाथ सिंह के साथ केरल में बाढ़ की स्थिति की समीक्षा की. राजनाथ ने विजयन से भी बात की और वह रविवार को बाढ़ प्रभावित इलाकों का हवाई सर्वेक्षण करेंगे.
  13. बीते 10 अगस्त तक केरल के इडुक्की बांध में जलस्तर तक लगातार बढ़ रहा है. इडुक्की सहित दूसरे ज़िले में रेड अलर्ट जारी किया गया है.
  14. अल्फोंस ने फेसबुक पोस्ट में लिखा कि भारत सरकार सशस्त्र बलों, आपदा प्रबंधन टीम की सेवाएं मुहैया करा रही है और अन्य जरूरी सहायता भी प्रदान कर रही है.
  15. इस बीच, केरल के राजस्व मंत्री ई. चंद्रशेखरन ने बाढ़ की स्थिति की समीक्षा की और कहा कि कोच्चि हवाई अड्डे के पास एहतियाती क़दम उठाए जाएं.
  16. कोच्चि हवाई अड्डे ने एक बयान में कहा कि विमान परिचालन निरंतर जारी है और कोई उड़ान रद्द नहीं की गई है. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बीते नौ अगस्त को मुख्यमंत्री विजयन से बात की थी और प्रभावितों को हरसंभव सहायता का आश्वासन दिया था.
  17. कोज़ीकोड ज़िले के एक राहत शिविर में लोगों को राहत सामग्री देते स्वयंसेवक
  18. हिबी एडन ने बताया कि उनके इलाक़े के ज़्यादातर शिविर पूरी तरह से भर चुके हैं और एरनाकुलम एक के कई हिस्से द्वीपों की तरह दिख रहे हैं.
  19. इस बीच भारत के गृह मंत्रालय ने अपनी एक रिपोर्ट में कहा है कि इस साल मानसून शुरू होने के बाद से लेकर अब तक भारत के विभिन्न हिस्सों में 930 से ज़्यादा लोगों की मौत हो चुकी है.

सरकार क्या कर रही है?

  • भारत की रक्षा मंत्री निर्मला सीतारमन के अनुसार, केरल में शनिवार से 'ऑपरेशन मदद' के तहत भारतीय नौसेना और भारतीय कोस्ट गार्ड की क़रीब 400 नावें बचाव कार्य में लगाई जायेंगी.
  • वहीं त्रिवेंद्रम स्थित भारतीय वायुसेना के दक्षिणी एयर कमांड ने बाढ़ में फंसे लोगों को एयरलिफ़्ट करने के लिए 22 हेलीकॉप्टर और 6 छोटे विमान बचाव कार्य में लगाये हैं.
  • वृद्ध लोगों, महिलाओं और बच्चों को एयरलिफ़्ट किये जाने के कई वीडियो और तस्वीरें सोशल मीडिया पर पोस्ट की गई हैं
  • शनिवार को भारतीय फ़ौज के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि फ़ौज के कुछ इंजीनियरों के साथ 700 से ज़्यादा जवान बीते नौ दिनों से बचाव कार्य में लगे हुए हैं.
  • नेशनल डिज़ास्टर रेस्पॉन्स फ़ोर्स (एनडीआरएफ़) ने भी शनिवार को छह टीमें दिल्ली और छह टीमें अहमदाबाद से केरल भेजी हैं. एनडीआरएफ़ की 18 टीमें केरल के 7 ज़िलों में पहले से तैनात हैं.
  • केरल की स्वास्थ्य आपदा विंग के प्रमुख अनिल वासुदेवन ने कहा है कि उनकी टीमें पीड़ितों की हर संभव मदद के लिए तैयार हैं. उन्होंने बताया कि वो बाढ़ का पानी उतरने के बाद उत्पन्न होने वाली संभावित बीमारियों से निपटने की तैयारियाँ भी कर रहे हैं.

सीएम की अपील

  • मुख्यमंत्री पिनराई विजयन ने लोगों से आग्रह किया है कि वो पानी में फंसे न रहें और बचावकर्मियों की मदद से बाहर निकलें. बचावकर्मी लोगों को ऊंचे इलाक़ों में ले जा रहे हैं जहाँ बनाये गए अस्थाई शिविरों में उन्हें खाना और दवाइयाँ मिल सकती हैं.
  • सीएम विजयन की इस अपील को पिछले एक हफ़्ते में आईं उन तमाम ख़बरों से जोड़कर देखा जा रहा है जिनमें ये दावा किया गया था कि बाढ़ में फंसे हुए लोग अपनी संपत्ति को छोड़कर जाने के लिए तैयार नहीं हो रहे हैं.
  • शुक्रवार को मुख्यमंत्री पिनराई विजयन ने लोगों से बाढ़ राहत कोष में मदद भेजने का आग्रह किया था. उन्होंने ट्विटर पर एक बयान जारी कर लोगों से मदद मांगी थी.
  • आंध्र प्रदेश, दिल्ली और पंजाब सहित भारत की कुछ अन्य राज्य सरकारों ने भी केरल को राहत राशि देने का वादा किया है.
  • संयुक्त अरब अमीरात के उप-राष्ट्रपति और दुबई के अमीर शेख़ मोहम्मद बिन रशीद अल-मख़्तूम ने ट्वीट किया है, "संयुक्त अरब अमीरात की सफलता की कहानी में केरल के लोगों का बड़ा योगदान रहा है. उनके प्रति हमारी विशेष ज़िम्मेदारी बनती है. केरल राज्य को आर्थिक मदद देने के लिए हमने एक कमेटी का गठन किया है. मैं लोगों से अपील करता हूँ कि वो मदद के लिए आगे आएं."

बाढ़: स्थिति इतनी बिगड़ी कैसे?

  • केरल में मानसून के दौरान अन्य राज्यों की तुलना में अधिक बारिश होना एक सामान्य बात है. लेकिन भारतीय मौसम विभाग ने कहा है कि इस साल केरल में कम दबाव के कारण सामान्य से 37 फ़ीसदी अधिक बारिश हुई है.
  • अगले दो दिनों में भारी बारिश होने का अनुमान है. इसे लेकर लोगों में चिंता है कि कहीं हालात और ज़्यादा न बिगड़ जायें.
  • पर्यावरण वैज्ञानिक तेज़ी से हुई वनों की कटाई को केरल की इस आपदा का दोषी ठहरा रहे हैं.
  • वहीं स्थानीय मीडिया रिपोर्ट्स में ये भी कहा जा रहा है कि पारिस्थितिक रूप से नाज़ुक पर्वत श्रृंखलाओं की रक्षा करने में सरकार की विफलता भी बाढ़ का एक बड़ा कारण है.
  • मुख्यमंत्री पिनराई विजयन ने कहा है कि केरल की स्थिति इतनी ज़्यादा ख़राब होने के लिए पड़ोसी राज्यों की सरकारें भी ज़िम्मेदार हैं.
  • इसी सप्ताह की शुरुआत में पिनराई विजयन और तमिलनाडु के मुख्यमंत्री पलनीसामी के बीच बांध से पानी छोड़े जाने को लेकर सार्वजनिक कहासुनी हुई थी.
  • केरल में 41 छोटी-बड़ी नदियाँ हैं जो जाकर अरब सागर में मिलती हैं. इन नदियों पर 80 बांध हैं जिन्हें खोल दिया गया है.
  • मुख्यमंत्री पिनराई विजयन का कहना है, "नदियों में उफान के कारण केरल के सभी बांध खोल दिये गए हैं. केरल के अधिकांश जल उपचार संयंत्र डूब चुके हैं और पानी के सभी बड़े मोटर क्षतिग्रस्त हो गये हैं."

© 2016 to 2018 www.allinoneindia.net , All rights reserved.